महावीर जन्म वाचन एवं जन्म कल्याणक महोत्सव धूमधाम से मनाया
14 स्वप्नों की झांकियों ने बांधा आध्यात्मिक समां : प्रतिभावान महिलाओं का भी हुआ सम्मान
महाराष्ट्र जैन वार्ता
पुणे : पर्युषण पर्व के पावन अवसर पर उपप्रवर्तिनी महासाध्वी चंद्रकलाजी म. सा., प.पू. स्नेहप्रभाजी म. सा. एवं प. पू. श्रुतप्रज्ञाजी म. सा. के मंगलमय सान्निध्य में श्री आदिनाथ स्थानकवासी जैन भवन में भगवान महावीर जन्म वाचन एवं जन्म कल्याणक महोत्सव बड़े धूमधाम एवं भक्तिभाव के साथ मनाया गया।
इस अवसर पर मा. नगरसेविका सिद्धि शिलीमकर, माजी नगरसेविका राजश्री शिलीमकर एवं डॉ. कल्पना छाजेड प्रमुख अतिथि के रूप में उपस्थित थीं। समारोह में समाज की प्रतिभावान महिलाओं सूरजबाई बंब, सुमनबाई बलदोटा एवं आरती बोरा का संघ की ओर से विशेष सम्मान किया गया।
भगवान महावीर के जन्म वाचन एवं जन्म कल्याणक के अवसर पर भगवान महावीर के 14 स्वप्नों की आकर्षक झांकियां प्रस्तुत की गईं। इन झांकियों ने उपस्थित श्रावक-श्राविकाओं का मन मोह लिया और पूरा वातावरण भगवान महावीर के जन्मोत्सव की भक्ति एवं उल्लास से सराबोर हो गया। इस विशेष आयोजन को सफल बनाने में समाज की महिलाओं ने अथक प्रयास किए। विशेष रूप से नेहा नाहर एवं पूनम संदेशा मुथा ने कार्यक्रम को भव्य रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
कार्यक्रम से पूर्व उपप्रवर्तिनी महासाध्वी चंद्रकलाजी म. सा., प.पू. स्नेहप्रभाजी म. सा. एवं प. पू. श्रुतप्रज्ञाजी म. सा. के मंगलमय प्रवचन हुए। उनके आशीर्वचन एवं प्रेरणादायी मार्गदर्शन से उपस्थित श्रावक-श्राविकाओं को भगवान महावीर के जीवन, अहिंसा, संयम एवं आत्मकल्याण के संदेश की प्रेरणा मिली और वातावरण भक्तिमय बन गया।
कार्यक्रम के आयोजन में संघ के अध्यक्ष निलेश संदेशा मुथा, अनिल नहार, मदनलाल बलदोटा, विजय नवलखा, सुभाष मुथा, संजय सांकला, सचिन टाटीया, सचिन रायसोनी, डॉ. धनराज सुराणा एवं वैभव संघवी ने विशेष परिश्रम किया।
इस अवसर पर दीपक लुंकड़, हरसुक बोरा, तुषार बंब, कांतिलाल भंडारी, अजिंक्य चोरड़िया सहित अनेक मान्यवर उपस्थित थे।
समारोह में असंख्य श्रोताओं ने उपस्थित रहकर भगवान महावीर के जन्म कल्याणक महोत्सव का भक्तिभाव से आनंद लिया। 14 स्वप्नों की झांकियों, जन्म वाचन एवं नारी शक्ति के सम्मान से सजा यह आयोजन श्रद्धा, भक्ति और उत्साह का सुंदर संगम रहा।
